
बाबा मटेश्वर धाम मंदिर का छत ढलाई कार्य संपन्न, श्रद्धालुओं में हर्ष
राकेश कुमार यादव, सहरसा (बिहार) ।
बिहार के प्रसिद्ध एवं अतिप्राचीन धार्मिक स्थल सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर के बाबा मटेश्वर धाम मंदिर के नवनिर्माण कार्य तेजी से प्रगति पर है। बुधवार को सहरसा जिले के सिमरी बख्तियारपुर प्रखंड के बलवा हाट के कांठो स्थित नवनिर्मित मंदिर के छत की ढलाई का कार्य संपन्न हुआ। मंदिर निर्माण में क्षेत्र के सैकड़ों श्रद्धालु श्रमदान कर रहे हैं। छत ढलाई पूर्ण होने से इलाके में खुशी का माहौल है।न्यास समिति सह पूर्व विधायक डॉ. अरुण कुमार ने विधिवत पूजा-अर्चना कर छत ढ़लाई निर्माण कार्य का शुभारंभ कराया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
मौके पर मुन्ना भगत ने कहा कि जब बाबा मटेश्वर धाम मंदिर नव्य, भव्य और दिव्य स्वरूप धारण करेगा, तब आने वाला समय मंदिर के इतिहास में 21वीं सदी का स्वर्णिम काल के रूप में दर्ज होगा।
प्राचीन इतिहास से जुड़ा है बाबा मटेश्वर धाम…..
शिवपुराण में मृत्यैश्वरनाथ महादेव के नाम से वर्णित बाबा मटेश्वर धाम मंदिर का इतिहास अत्यंत प्राचीन है। पुरातत्वविदों के अनुसार यह मंदिर चौथी–पांचवीं शताब्दी का माना जाता है। इतिहासकारों का मानना है कि प्राचीन काल में यह मंदिर काले ग्रेनाइट पत्थर से निर्मित था, जिसे 17वीं शताब्दी में मुस्लिम शासनकाल के दौरान तोड़ दिया गया। इसके अवशेष आज भी मंदिर प्रांगण में जीर्ण-शीर्ण अवस्था में मौजूद हैं।
लंबे समय तक गुमनामी में रहने के बाद वर्ष 1997 में इतिहास ने नया मोड़ लिया, जब कांठो निवासी मुन्ना भगत ने चार साथियों के साथ डाकबम यात्रा की शुरुआत की। वर्ष 2005 में श्रावणी मेला प्रारंभ होने के बाद से मंदिर विकास के पथ पर निरंतर अग्रसर है। बाबा मटेश्वर धाम की महिमा अपरंपार है। सावन माह में यहां लाखों शिवभक्तों की भीड़ उमड़ती है, जिससे यह धाम आस्था का प्रमुख केंद्र बन गया है।
























