
भाई की हत्या के समय किया गया वायदा याद दिलाने केंद्रीय मंत्री के घर पहुंचा गरीब ब्राह्मण दुत्कारा गया ब्राह्मण नेता होते हुए जितिन ने घर जाकर दिया सीबीआई जांच का आश्वासन
मुजीब खान
शाहजहांपुर / केंद्रीय मंत्री जितिन प्रसाद के शाहजहांपुर स्थित आवास पर न्याय पाने की आस में जिला बस्ती से पहुंचे मृतक कबीर के भाई तुलसी को पुलिस ने जबरन गाड़ी में डाल दिया। पीड़ित ने मंत्री के पीआरओ समेत पुलिस कर्मियों पर अभद्रता और मारपीट करने का आरोप लगाया है। पुलिस द्वारा व्यक्ति को जबरन कार में ठूंसने का एक वीडियो सामने आया है। पीड़ित का आरोप है कि बस्ती जिले में वर्ष 2019 में उसके भाई कबीर तिवारी की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मंत्री जितिन प्रसाद ने घर आकर कार्रवाई का आश्वासन दिया था।
लेकिन सीबीआई जांच की मांग आज तक पूरी नही हुई। पीड़ित ने कहा कि मंत्री जितिन प्रसाद ब्राह्मणों की राजनीति करते हैं। लेकिन उनके आवास पर न्याय मांगने आए ब्राह्मण को भगा दिया गया।बस्ती जिले के रहने वाले आदित्य नारायण त्रिपाठी उर्फ कबीर की वर्ष 2019 में दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। घटना के बाद तमाम मंत्रियों ने परिवार से मिलकर सांत्वना देकर कार्रवाई का आश्वासन दिया था। परिजनों द्वारा की गई सीबीआई जांच की मांग आज तक पूरी नही हुई। भाई को न्याय दिलाने के लिए विवेक नारायण त्रिपाठी उर्फ तुलसी 15 अगस्त को दिल्ली की पदयात्रा पर निकले थे। शाहजहांपुर में रूककर तुलसी मंत्री जितिन प्रसाद के आवास पर अनशन पर बैठ गए। पीड़ित का आरोप है कि काफी देर अनशन पर बैठने के बाद जब मंत्री के पीआरओ आए तो उन्होंने अभद्रता करना शुरू कर दी। उनसे कहा था कि भाई की हत्या में न्याय मांगने आए हैं। इस बीच उन्होंने पुलिस को बुला लिया और जबरन मारपीट कर वहां से निकाल दिया। पीड़ित का आरोप है कि जमीन पर गिराकर घसीटा गया। हालाकि पुलिस द्वारा मृतक के भाई तुलसी को गाड़ी में ठूसते हुए का एक वीडियो भी सामने आया है। फिलहाल पुलिस ने जबरन पीड़ित को वहां से भगा दिया। वहीं इस प्रकरण में जब मंत्री जितिन प्रसाद के पीआरओ से उनका पक्ष जानने की कोशिश की तो उनका मोबाइल नंबर बंद था।पीड़ित का आरोप है कि न्याय मांगने के लिए जितिन प्रसाद के आवास पर आए थे। उनके आवास के बाहर बैठे थे। इतने में पुलिस प्रशासन और तमाम अंदर से लोग आए और वो अंदर बैठाने के लिए लेकर चले गए। मंत्री के पीआरओ गाली देते हुए घसीटते हुए और मारते पीटते हुए कई लोग जबरदस्ती बाहर लेकर आए। पीड़ित ने कहा कि मैं तो अपने भाई को न्याय दिलाने मंत्री के आवास पर आया था। क्योकि उन्होंने मेरे परिवार से मिलकर कार्रवाई का आश्वासन दिया था। ब्राह्मणों की राजनीति करते करते उन्होंने एक ब्रहामण को पिटवाया और घसीटा है। मेरे सिर में और पैर में चोट आई है।
























