पांच चोरी की बाइक बरामद, तीन शातिर वाहन चोर गिरफ्तार
गलत नंबर प्लेट और घिसे चेसिस नंबर से करते थे वाहनों की पहचान छिपाकर बिक्री, कोतवाली पुलिस की कार्रवाई
बदायूं। वाहन चोरी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में थाना कोतवाली पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने कब्रिस्तान की बाउंड्री के अंदर से तीन शातिर मोटरसाइकिल चोरों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से चोरी की पांच मोटरसाइकिलें बरामद की हैं। पुलिस के मुताबिक आरोपी चोरी की बाइकों पर फर्जी नंबर प्लेट लगाकर तथा चेसिस नंबर घिसकर उनकी असली पहचान छिपाते थे और बाद में उन्हें बेचने का काम करते थे।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक बदायूं के निर्देशन, अपर पुलिस अधीक्षक नगर के पर्यवेक्षण, क्षेत्राधिकारी नगर के नेतृत्व तथा प्रभारी निरीक्षक कोतवाली की अगुवाई में संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग के दौरान पुलिस टीम ने यह कार्रवाई की।
तीन आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़े
पुलिस ने राजा पुत्र पप्पू निवासी नाहर खां सराय, थाना कोतवाली बदायूं, मुजाहिद पुत्र साहिद निवासी खेड़ा बुजुर्ग, थाना सिविल लाइंस बदायूं तथा आशु पुत्र मुन्ने निवासी बदरियां, थाना सोरों, जनपद कासगंज को गिरफ्तार किया।
पांच बाइकों की खुली पहचान
बरामद वाहनों में हीरो पैशन प्रो, हीरो स्प्लेंडर प्लस और हीरो सुपर स्प्लेंडर शामिल हैं। जांच में सामने आया कि कुछ मोटरसाइकिलों पर दूसरे वाहनों के नंबर अंकित नंबर प्लेट लगाई गई थीं। एक मोटरसाइकिल का चेसिस नंबर घिसकर उसकी पहचान मिटाने का प्रयास भी किया गया था।
पुलिस की जांच में बरामद मोटरसाइकिलों के वास्तविक पंजीकरण नंबर क्रमशः UP24AA3484, UP24AC7995, UP24N9613 और UP25DU7499 पाए गए, जबकि एक मोटरसाइकिल के चेसिस नंबर का हिस्सा घिसा हुआ मिला।
चोरी के वाहनों की पहचान छिपाने का खेल
पुलिस के अनुसार आरोपी चोरी की मोटरसाइकिलों की नंबर प्लेट बदलने के साथ-साथ चेसिस नंबर में भी छेड़छाड़ करते थे, जिससे वाहन की वास्तविक पहचान सामने न आ सके। बरामद वाहनों की जांच में अलग-अलग लोगों के नाम पंजीकरण सामने आए हैं। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि इन मोटरसाइकिलों को कहां से चोरी किया गया था और इन्हें बेचने के लिए किस नेटवर्क का इस्तेमाल किया जा रहा था।
गिरफ्तार आरोपियों को पुलिस ने न्यायालय के समक्ष पेश किया।
पुलिस टीम
कार्रवाई करने वाली टीम में वरिष्ठ उपनिरीक्षक हरिओम सिंह, उपनिरीक्षक संजय तोमर, हेड कांस्टेबल वसीम अहमद तथा कांस्टेबल कुलदीप मावी, जितेन्द्र कुमार और सुवेन्द्र शामिल रहे।
























