मेरठ की मुस्कान से भी खतरनाक निकली आगरा की रूबी पति को मारकर बाथरूम में शव गाड़कर उस पर नहाती थी
खीर में नींद की गोली देकर मारा बाथरूम दफनाया फिर ऊपर करा दिया प्लास्टर 45 दिन बाद खुला राज हुई गिरफ्तार
मुजीब खान
आगरा । उत्तर प्रदेश की ताज नगरी के नाम से प्रसिद्ध आगरा जहां एक शाहजहां बादशाह ने अपनी पत्नी की याद में ताजमहल जैसी सुंदर इमारत बनाकर दुनिया भर पति पत्नी के प्यार की अनूठी मिसाल पेश की उसी आगरा में मेरठ की मुस्कान जिसने अपने पति को मारकर ड्रम में पैक कर दिया था उसके कारनामे को भी पीछे छोड़ते उससे कही आगे जाकर अपने खतरनाक होने का सबूत देते हुए पहले अपने पति को खीर में नींद की गोलियां खिलाई उसके बाद उसकी हत्या करके उसके शव को अपने ही बाथरूम में ले जाकर दीवार की साइड करीब एक फिट खुदाई करके उसमें दफन करके उस पर मिट्टी डालकर शव दवा दिया बाद में गिट्टी मोरंग और सीमेंट लाकर उस पर प्लास्टर करते हुए फर्श को पहले की तरह कर दिया लेकिन मृतक के भाई के शक के चलते की गई जासूसी काम आई और 45 दिन बाद पत्नी के कारनामे की पोल खुल गई शव भी बरामद हुआ और पत्नी भी जेल भेजी जा रही है।
जानकारी के अनुसार आगरा की सिकंदरा थाना क्षेत्र में स्थित रेणुका धाम कॉलोनी निवासी सुरेंद्र 44 वर्ष जो राजस्थान के भरतपुर के निवासी थे अपनी पत्नी मां और दो बेटियों के साथ आगरा रहते थे घटना 18 मई की जब सुरेंद्र की मां और बेटिया भी मौजूद थी सभी सो रहे थे इसी बीच रात में रूबी ने सुरेन्द्र को खीर खाने को दी जिसमें करीब 20 गोलियां नींद की मिला दी जिसे खाते ही सुरेंद्र बेहोश हो गया सुबह दोनों बेटियों के साथ अपनी सास को आप जेठ अनिल के यहां भेज दिया सबने यह समझा कि सुरेंद्र सो रहा है तीनों के जाने के बाद रूबी ने अपने बाथरूम में दीवार किनारे करीब दो फीट गहरा गड्ढा करके शव उसमें दफना दिया और बाजार से मोरंग गिट्टी मंगाकर उस पर प्लास्टर कर के ऊपर टायल लगवा दिए घर वालो के पूछने पर सुरेंद्र के कही जाने की बात कही जब कई दिन बीत गए तो परिजनों ने तलाश की लेकिन सुरेंद्र का कहीं पता नहीं चला उधर रूबी भी पूरा नाटक करती रही रोती थी चिल्लाती थी ।
लेकिन रूबी के जेठ को रूबी पर कुछ शक हुआ तो उन्होंने रूबी की जासूसी करने के साथ अपनी मां को भरतपुर ले जाकर उनके पेंशन खाते का स्टेटमेंट निकलवाया तो पता चला कि रूबी द्वारा सुरेंद्र के गायब होने के बाद कई बार इस खाते से पीटीएम के जरिए पैसे निकाले है बस यही से शक गहरा गया और रूबी से पूछताछ शुरू हुई जिस पर भरतपुर से ही जेठ अनिल द्वारा रूबी से फोन पर सुरेन्द्र की पजानकारी के साथ पैसे का हिसाब मांगा तो उसने कहा कि सुरेंद्र घर में ही है आकर मिल लो अब पैसे का हिसाब मिल जायेगा जब अनिल घर पहुंचे तो सुरेंद्र उन्हें कही दिखाई नहीं दिया तो उसने रूबी से पूछा जिस पर रूबी उन्हें लेकर बाथरूम गई और बोली यहां है सुरेंद्र दो फीट गढ्ढे के नीचे यह सुनकर अनिल के पैरों तले जमीन खिसक गई उन्होंने तत्काल पुलिस को सूचना दी पुलिस ने खुदाई करके सुरेंद्र के कंकाल बरामद करके रूबी को गिरफ्तार कर लिया ।
बेसहारा हुई सुरेंद्र को दोनों बेटियां
सुरेंद्र की रूबी से 16 साल पहले शादी हुई थी। उनकी बड़ी बेटी 13 वर्षीय प्राची और छोटी नौ वर्षीय सिद्धि है।पड़ोसियों ने बताया कि हत्या की जानकारी होने पर बेटियां भी घर आ गई थीं।बड़ी बेटी बोल रही थी कि मां ने पापा को नहीं मारा।उन्होंने आत्महत्या कर ली थी।अब उनके सिर से पिता का साया हट गया और मां भी जेल जाएगी। ऐसे में वे किसके सहारे रहेंगी। अभी दोनों ताऊ के घर में दादी के साथ ही रह रही हैं।
बोली शराब पीकर रोज मारता था सुरेंद्र
पुलिस अभिरक्षा में मौजूद कातिल पत्नी रूबी ने कहा उसे कोई पछतावा नहीं है सुरेंद्र के साथ जो ज़िदगी कट रही थी वह जेल से भी बदतर थी कमाई धमाई कुछ थी नहीं सांस की पेंशन पर घर चल रहा था रोज शराब पीकर आता था फिर करता था मारपीट इस लिए अब उसके साथ जीना दुश्वार हो चूका था मजबूरन उसे यह कदम उठाना पड़ा कम से कम जेल में रहकर आराम से खाना तो खा सकेंगे रोज रोज की पिटाई से जेल कही बेहतर है उसके लिए रही बात बेटियों की तो उसके चाचा ताऊ दादी सब है पाल लेंगे सब उसको ।
























