
जांच अधिकारी के सामने फूटा लमहन गांव के ग्रामीणों का दर्द, प्रधान प्रतिनिधि पर गंभीर आरोप
जौनपुर। जिले के महराजगंज विकासखंड अंतर्गत लमहन गांव में ग्राम प्रधान प्रतिनिधि व रोजगार सेवक पर सरकारी योजनाओं में भारी अनियमितता और धन गबन के गंभीर आरोप लगे हैं। जांच अधिकारी के सामने ग्रामीणों, विशेषकर महिलाओं ने रो-रो कर अपनी पीड़ा सुनाई। ग्रामीणों का आरोप है कि ग्राम प्रधान निर्मला पाल के पुत्र व प्रधान प्रतिनिधि विरेंद्र पाल ने पिछले चार वर्षों से मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना और शौचालय निर्माण जैसी योजनाओं में जमकर लूटपाट की। बताया गया कि नाबालिग बच्चों के जॉबकार्ड बनवाकर उनके खातों में मजदूरी भेजी गई और फिर उनसे पैसे निकलवाकर हिस्सा लिया गया। कई ऐसे लोगों के खातों में भी भुगतान दिखाया गया जिन्होंने कभी काम ही नहीं किया या वर्षों से बाहर रह रहे हैं। मनरेगा के कार्य जेसीबी और ट्रैक्टर से कराए जाने के वीडियो भी ग्रामीणों ने जांच अधिकारी को दिखाए। महिलाओं ने बताया कि आवास के नाम पर उनसे 15 से 25 हजार रुपये तक लिए गए, लेकिन आज तक आवास नहीं मिला, जबकि कागजों में शौचालय बनाकर पैसा निकाल लिया गया। आरोप है कि गांव की सड़कों का एक ही कार्य कई बार दिखाकर लाखों रुपये का भुगतान कराया गया। जिलाधिकारी को शिकायत के बाद जांच शुरू हुई, जिसमें 42 बिंदुओं पर अभिलेखों की जांच की गई और आगे स्थलीय जांच की बात कही गई है। अब ग्रामीणों को उम्मीद है कि दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी और सरकारी योजनाओं का लाभ सही पात्रों तक पहुंचेगा।

