
आपातकाल की 50वीं बरसी पर ‘काला दिवस’, लोकतंत्र सेनानियों का हुआ सम्मान।
जौनपुर। 1975 में लगाए गए आपातकाल की 50वीं वर्षगांठ पर भाजपा ने ‘काला दिवस’ मनाया। कार्यक्रम की अगुवाई जिलाध्यक्ष पुष्पराज सिंह ने की, मुख्य अतिथि उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री संजीव गोंड और विशिष्ट अतिथि महेश चंद्र श्रीवास्तव रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत आपातकाल के दौरान जेल गए लोकतंत्र सेनानियों को सम्मानित कर की गई, इसके बाद संगोष्ठी में वक्ताओं ने उस दौर को याद किया जब प्रेस की आज़ादी छीनी गई और हजारों नेताओं-कार्यकर्ताओं को जेल में डाल दिया गया।
मंत्री संजीव गोंड ने कहा, “1975 में कांग्रेस ने लोकतंत्र का गला घोंट दिया था, लेकिन आज प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में देश मजबूती से आगे बढ़ रहा है।”
महेश चंद्र श्रीवास्तव ने बताया, “अनुच्छेद 352 के तहत आपातकाल लागू कर नागरिकों के अधिकार छीन लिए गए थे।”
एमएलसी बृजेश सिंह प्रिंसू ने कहा, “इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले के बाद इंदिरा गांधी ने सत्ता बचाने के लिए आपातकाल लगाया।”
पूर्व विधायक सुरेन्द्र प्रताप सिंह ने कहा, “17 साल की उम्र में मीसा एक्ट में जेल जाना पड़ा, वह दौर आजाद भारत का सबसे काला समय था।”
जिलाध्यक्ष पुष्पराज सिंह ने प्रेस पर सेंसरशिप और नेताओं की गिरफ्तारी को लोकतंत्र के लिए शर्मनाक बताया।
कार्यक्रम का समापन संविधान और लोकतंत्र की रक्षा की शपथ के साथ हुआ।
























