75 वर्षों में पहली बार रसूलपुर गांव का बेटा बना फौजी, पूरे गांव ने किया भव्य स्वागत
उसावा (बदायूं)। जनपद बदायूं के विकासखंड उसावा की ग्राम पंचायत उसावा देहात के गांव रसूलपुर के लिए शुक्रवार का दिन ऐतिहासिक बन गया। आजादी के 75 वर्षों बाद गांव का एक युवा भारतीय सेना में भर्ती हुआ है। आशुतोष सागर गांव के पहले युवक हैं, जिन्होंने सेना में चयनित होकर पूरे क्षेत्र का नाम रोशन किया है।
आशुतोष सागर ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा गांव के विद्यालय से प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने नगर उसावा स्थित महात्मा गांधी इंटर कॉलेज से इंटरमीडिएट तक की शिक्षा पूरी की। कठिन परिश्रम और लगन के बल पर उन्होंने भारतीय सेना में स्थान हासिल किया।
सेना में चयन होने की खबर मिलते ही पूरे गांव में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्रामीणों ने आशुतोष का फूल-मालाओं से भव्य स्वागत किया और उन्हें उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए ट्रेनिंग सेंटर के लिए विदा किया।
आशुतोष के पिता वीरपाल, जो दिहाड़ी मजदूर हैं, ने भावुक होकर बताया कि उनका बेटा बचपन से ही पढ़ाई में होनहार और मेहनती था। उन्होंने कहा कि आर्थिक कठिनाइयों के बावजूद बेटे ने कभी हिम्मत नहीं हारी। उन्हें गर्व है कि उनका बेटा भारतीय सेना में भर्ती होकर देश सेवा का अवसर प्राप्त कर रहा है। उन्होंने इच्छा जताई कि गांव का हर बच्चा शिक्षा के माध्यम से सरकारी नौकरी हासिल कर गांव और परिवार का नाम रोशन करे।
वहीं, आशुतोष सागर ने अपनी सफलता का श्रेय माता-पिता, शिक्षकों और अपनी कड़ी मेहनत को दिया। उन्होंने कहा कि सेना में भर्ती होना उनका बचपन का सपना था, जिसे उन्होंने निरंतर मेहनत और अनुशासन के बल पर पूरा किया। उन्होंने संकल्प लिया कि वह गांव और क्षेत्र के युवाओं को शिक्षा एवं प्रतियोगी परीक्षाओं के प्रति जागरूक करेंगे तथा उन्हें सरकारी सेवाओं में जाने के लिए प्रेरित करेंगे। साथ ही युवाओं से मेहनत, अनुशासन और लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने का आह्वान किया।
























