महाकाल फूड प्रोडक्ट पर पड़ा जीएसटी और एसआईबी का छापा खुली पोल दो करोड़ की करी जीएसटी चोरी
मुजीब खान
शाहजहांपुर : जनपद के कस्बा तिलहर में सर्वश्री महाकाल फूड प्रोडक्ट पर मंगलवार को जीएसटी और एसआईबी की रेड में दो करोड़ रुपयों की जीएसटी चोरी का खुलासा हुआ है फर्म द्वारा गोल्ड ब्रांड आटा सूजी मैदा और चोकर बिक्री की जाती है जांच में सामने आया कि फर्म द्वारा विगत डेढ़ वर्ष में 50 करोड़ की बिक्री की गई किंतु जीएसटी का एक रुपया भी जमा नहीं किया गया ।
कार्रवाई के दौरान व्यापारी ने एक करोड़ रुपये तत्काल जमा कर दिए, जबकि आगे की जांच के लिए टीम दस्तावेज अपने साथ ले गई है। जीएसटी एसआईबी बरेली के डिप्टी कमिश्नर अनिरुद्ध सिंह के नेतृत्व में हुई कार्रवाई में सामने आया कि फर्म ने पिछले करीब डेढ़ वर्ष में 50 करोड़ रुपये से अधिक का कारोबार किया, लेकिन कर के रूप में एक भी रुपया जमा नहीं किया। जांच में यह भी पाया गया कि 25 किलोग्राम से कम पैकिंग वाले आटे की बिक्री को करमुक्त दिखाकर कर चोरी की जा रही थी। टीम के अनुसार व्यापारी बिना बिल के माल की बिक्री कर रहा था और गलत तरीके से इनपुट टैक्स क्रेडिट (आईटीसी) का लाभ भी ले रहा था। कार्रवाई से पहले अधिकारियों ने ग्राहक बनकर क्षेत्र की कई दुकानों से पांच-पांच किलोग्राम के आटे के पैकेट कच्चे पर्चों पर खरीदकर जानकारी जुटाई और आरोपों की पुष्टि के बाद छापेमारी की। जांच के दौरान व्यापारी ने अपनी गलती स्वीकार करते हुए एक करोड़ रुपये जमा कर दिए। वहीं फैक्टरी में मिले आटा पैकेटों पर एक्सपायरी डेट समेत आवश्यक विवरण अंकित नहीं पाए गए। इसके बाद खाद्य सुरक्षा विभाग को सूचना दी गई। सूचना पर खाद्य सुरक्षा विभाग के सहायक आयुक्त विनीत कुमार भी टीम के साथ फैक्टरी पहुंचे और आटे के नमूने लेकर जांच के लिए प्रयोगशाला भेज दिए। जीएसटी टीम में असिस्टेंट कमिश्नर वेद प्रकाश शुक्ला, राज्य कर अधिकारी ताराचंद्र उपाध्याय और प्रदीप कुमार भी शामिल रहे। डिप्टी कमिश्नर अनिरुद्ध सिंह ने बताया कि व्यापार स्थल पर बिना बिल के प्राप्त माल को सीज कर दिया गया है। साथ ही अभिलेख और दस्तावेज कब्जे में लेकर उनकी जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद व्यापारी पर अतिरिक्त कर और जुर्माना भी लगाया जा सकता है।
























