89 दिन की कड़ी मशक्कत रंग लाई: नाबालिग किशोरी सकुशल बरामद, अपहरणकर्ता गिरफ्तार
उसावां (बदायूं)। थाना उसावां पुलिस ने धैर्य, सतर्कता और लगातार की गई अथक मेहनत का परिचय देते हुए 89 दिनों से लापता एक नाबालिग किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया। इस मामले में पुलिस ने अपहरण के आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया।
इस चुनौतीपूर्ण अभियान का नेतृत्व थानाध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने किया। उनके निर्देशन में पुलिस टीम ने उत्तर प्रदेश के साथ-साथ उड़ीसा, महाराष्ट्र, दिल्ली, गाजियाबाद और मथुरा सहित कई राज्यों और शहरों में लगातार तलाश अभियान चलाया। आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदलता रहा और पुलिस से बचने के लिए किसी भी मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं कर रहा था, जिससे उसकी लोकेशन ट्रेस करना बेहद कठिन हो गया।
इसके बावजूद थानाध्यक्ष राजेंद्र सिंह ने हार नहीं मानी और सर्विलांस टीम व स्थानीय पुलिस के बीच बेहतर समन्वय स्थापित कर अभियान को लगातार आगे बढ़ाया। उनकी रणनीति और दृढ़ नेतृत्व का ही परिणाम रहा कि आखिरकार पुलिस आरोपी तक पहुंचने में सफल रही और किशोरी को सकुशल बरामद कर लिया।
पुलिस जांच में सामने आया कि आरोपी अंशुल यादव पुत्र अवनीश यादव, निवासी ग्राम सुनेसर, फरारी के दौरान आर्थिक तंगी का शिकार हो गया था। उसके पास मौजूद पैसे खत्म हो जाने के बाद वह अपने पूर्व ठेकेदार, जो थाना उसावां क्षेत्र के ग्राम कोठा का मूल निवासी है, से रुपये लेने आने वाला था।
मुखबिर की सटीक सूचना पर थानाध्यक्ष राजेंद्र सिंह एवं वरिष्ठ उपनिरीक्षक सुनील चौधरी ने पुलिस टीम के साथ असधरमई मोड़ पर योजनाबद्ध तरीके से घेराबंदी की और आरोपी को दबोच लिया। पूरी कार्रवाई बेहद सतर्कता और पेशेवर तरीके से की गई, जिससे किशोरी को सुरक्षित बरामद कर लिया गया।
इस सफल अभियान में वरिष्ठ उपनिरीक्षक सुनील चौधरी की सक्रिय भूमिका भी सराहनीय रही। उन्होंने लगातार विवेचना, सूचनाओं के सत्यापन और पुलिस टीम के समन्वय में महत्वपूर्ण योगदान दिया, जिससे 89 दिनों से उलझे इस मामले का सफल खुलासा संभव हो सका।
पुलिस ने आरोपी के विरुद्ध आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करते हुए उसे न्यायालय में पेश किया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया। वहीं, बरामद की गई किशोरी पूरी तरह सुरक्षित है और मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
89 दिन तक लगातार प्रयास, कई राज्यों में तलाश और अंततः सुरक्षित बरामदगी—यह सफलता थाना उसावां पुलिस की प्रतिबद्धता, थानाध्यक्ष राजेंद्र सिंह के कुशल नेतृत्व तथा वरिष्ठ उपनिरीक्षक सुनील चौधरी सहित पूरी पुलिस टीम की सतर्कता और टीमवर्क का उत्कृष्ट उदाहरण मानी जा रही है।
























