ससुराल में मारपीट का आरोप झेल रही विवाहिता की मौत, डेढ़ माह का मासूम हुआ बेसहारा
बदायूँ/उसावां। जनपद के थाना क्षेत्र के ग्राम पचदियोरा दीवान नगर में एक 23 वर्षीय विवाहिता की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई। विवाहिता पिछले कई महीनों से गंभीर रूप से बीमार थी और उसका इलाज बदायूं, बरेली तथा सैफई मेडिकल कॉलेज में चल रहा था। सोमवार को परिजन उसे इलाज के बाद घर लेकर पहुंचे, लेकिन कुछ ही देर बाद उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई और उसकी मौत हो गई। घटना से परिवार में कोहराम मच गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव का पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम कराया और बाद में शव परिजनों को सौंप दिया। मृतका अपने पीछे डेढ़ माह के मासूम बेटे को छोड़ गई है।
ग्राम पचदियोरा दीवान नगर निवासी एवं ग्राम प्रधान जयवीर सिंह ने बताया कि उनकी पुत्री प्रियंका (23) के साथ 29 मार्च को ससुराल पक्ष ने कथित रूप से बेरहमी से मारपीट की थी। आरोप है कि मारपीट के बाद ससुराल वाले उसे मायके छोड़ गए, जिसके बाद से उसका इलाज लगातार चल रहा था। उस समय प्रियंका गर्भवती थी, इसलिए परिवार ने किसी कानूनी कार्रवाई के बजाय समझौते का रास्ता अपनाया, ताकि भविष्य में बेटी का घर बस सके।
जयवीर सिंह ने बताया कि 21 जून 2026 को प्रियंका ने जिला महिला अस्पताल, बदायूं में एक पुत्र को जन्म दिया। इसके बाद भी उसकी तबीयत में सुधार नहीं हुआ। उन्होंने बताया कि 13 जुलाई 2026 को प्रियंका ने ससुराल पक्ष के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
परिजनों के अनुसार पहले बदायूं और बरेली में इलाज कराया गया, लेकिन हालत गंभीर होने पर राजकीय मेडिकल कॉलेज, बदायूं से उसे सैफई मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया। सोमवार को सैफई से छुट्टी मिलने के बाद परिजन उसे घर लेकर आए। घर पहुंचने के कुछ ही देर बाद उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। जब तक दोबारा अस्पताल ले जाने की व्यवस्था की जाती, तब तक उसकी मौत हो चुकी थी।
मृतका के पिता की सूचना पर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कानूनी कार्रवाई करते हुए शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। प्रियंका की मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, जबकि उसका डेढ़ माह का मासूम बेटा अब मां के साये से वंचित हो गया है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और अन्य साक्ष्यों के आधार पर अग्रिम विधिक कार्रवाई की जाएगी।
























